- 40° के पार तापमान, फिर भी नहीं थमी आस्था: महाकाल में रोज 1 लाख से ज्यादा श्रद्धालु; पहली बार महाकाल लोक में शुरू हुआ फोगिंग सिस्टम
- उज्जैन की 5 माह की बच्ची SMA-1 से जूझ रही: 15 करोड़ के इंजेक्शन के लिए जंग, सोनू सूद ने बढ़ाया हाथ; भोपाल एम्स में चल रहा इलाज
- 15 साल पहले खत्म हो चुकी थी लीज; हाईकोर्ट से स्टे हटते ही UDA का एक्शन, बेगमबाग में 5 मकान तोड़े; अब तक 30 से ज्यादा निर्माण हटाए जा चुके
- महाकाल मंदिर में तड़के भस्म आरती: स्वस्ति वाचन के बाद खुले पट, पंचामृत अभिषेक के बाद पुष्पों से दिव्य श्रृंगार
- सप्तसागर विकास को गति देने के निर्देश: निगम आयुक्त ने चार प्रमुख जलाशयों का किया निरीक्षण, गहरीकरण-सौंदर्यीकरण पर जोर
MP बोर्ड 12वीं परीक्षा शुरू: उज्जैन में 15,599 छात्र परीक्षा में शामिल, 78 केंद्रों पर प्रशासन का कड़ा पहरा; 40 निरीक्षण दल, 1,000 पर्यवेक्षक और 1,500 कर्मचारी तैनात
उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया:
मंगलवार से माध्यमिक शिक्षा मंडल की 12वीं बोर्ड परीक्षाएं शुरू हो गईं और परीक्षा केंद्रों पर सुबह से ही एक अजीब सा तनाव महसूस किया गया। इस वर्ष 12वीं बोर्ड परीक्षा में लगभग 7 लाख 06 हजार 475 छात्र भाग लेंगे। प्रदेश में कुल 3887 परीक्षा केंद्र स्थापित किए गए हैं, जिनमें से 222 केंद्र संवेदनशील और 340 केंद्र अति संवेदनशील माने गए हैं। नकल रोकने के लिए 11 जिलों में जैमर लगाए जाएंगे, जिससे परीक्षा के दौरान अनुशासन बनाए रखा जा सके। ग्वालियर, भोपाल, इंदौर, जबलपुर, उज्जैन और मुरैना जैसे प्रमुख शहरों में भी संवेदनशील और अति संवेदनशील केंद्रों की पहचान की गई है।
वहीं, उज्जैन जिले की बात करें तो उज्जैन में 15,599 छात्र परीक्षा में भाग ले रहे हैं, जिनके लिए 78 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें से 11 संवेदनशील घोषित किए गए हैं। नकल को रोकने के लिए 40 निरीक्षण दल, 1,000 पर्यवेक्षक और 1,500 कर्मचारी तैनात किए गए हैं। यानी कि छात्रों की हर गतिविधियों पर बारीकी से निगरानी रखी जा रही है।
सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक हिंदी विषय की परीक्षा हुई। परीक्षा केंद्रों के बाहर माहौल गर्म था—छात्रों की धड़कनें तेज़ थीं, माता-पिता की दुआएं चल रही थीं और सुरक्षाकर्मी पूरी मुस्तैदी से तैनात थे। परीक्षा शुरू होने से पहले सख्त चेकिंग हुई, बैग, पर्स और मोबाइल बाहर रखवाए गए। सुबह थानों से प्रश्नपत्रों के बंडल कलेक्टर प्रतिनिधि और केंद्र अध्यक्षों द्वारा लिए गए। नियमों के तहत दोनों अधिकारियों ने सेल्फी लेकर मंडल को रिपोर्ट भेजी, जिससे परीक्षा की पारदर्शिता सुनिश्चित की जा सके।
वहीं, इस बार नकलचियों के लिए परीक्षा केंद्रों पर ‘ईमानदारी की पेटी’ रखी गई है। छात्रों को मौका दिया गया कि वे गलती से लाया गया कोई भी नकल सामग्री इस पेटी में डाल दें। लेकिन चेतावनी साफ थी—यदि कोई परीक्षा कक्ष में पकड़ा गया, तो कड़ी कार्रवाई होगी। दरअसल, परीक्षा में नकल पर लगाम कसने के लिए बोर्ड ने परीक्षा केंद्रों पर लोहे की पेटियां रखवाई हैं, जिन पर लिखा होगा – “यह पेटी स्वेच्छा से नकल सामग्री परीक्षा कक्ष में प्रवेश से पहले जमा करने के लिए रखी गई है।” छात्र चाहें तो इसमें अपनी गाइड, चिट या कोई भी नकल सामग्री डाल सकते हैं, लेकिन यदि कोई परीक्षा कक्ष में नकल के साथ पकड़ा गया, तो उसे कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। इसके अलावा हर परीक्षा केंद्र पर उड़नदस्ते तैनात किए गए हैं, साथ ही कुछ केंद्रों पर जैमर भी लगाए गए हैं। अब अगली परीक्षा 27 फरवरी से 10वीं बोर्ड की होगी, जिसमें 24,174 छात्र शामिल होंगे।